To Make Your Devotional Journey More Blissful,
DevDarshan is now DevDham
Connecting You with Sacred Temples and Vedic Traditions 🙏
आपकी आध्यात्मिक यात्रा को और समृद्धशाली और सुखद बनाने के लिए आपका
देवदर्शन अब है देवधाम
जहां होगा भारत के दिव्य मंदिरों और वैदिक परंपराओं का संगम 🙏

bookendL

bookend


bookendL

bookend
1

2

3

4

bookendL

bookend

t0 Circle

551

Individual Navratri Shakti Peeth Puja

व्यक्तिगत नवरात्रि शक्तिपीठ पूजा

t1 pricecardline
  • CardLow

    You can select one or multiple Shakti Peethas & Siddha Peethas for Navratri Puja

  • CardLow

    Link for Recorded Video of Puja in the selected Shakti Peethas & Siddha Peethas during Navratri

  • CardLow

    Individual’s Name and Gotra will be chanted during the Puja Sankalp in the selected Shakti Peethas & Siddha Peethas during Navratri

  • CardLow

    You can choose to offer Chola, Chunni, Shringar & Bhog to Maa Durga in Shaktipeeth or Siddha Peeth and the video for the Offerings will be shared with you

  • CardLow

    100 grams Panchmeva Prasad will be shipped from selected Shakti Peethas & Siddha Peethas for Home Delivery in India

  • CardLow

    आप नवरात्रि पूजा के लिए, एक या एक से अधिक शक्तिपीठ एवं सिद्धपीठ का चयन कर सकते हैं

  • CardLow

    नवरात्रि में चयनित शक्तिपीठ एवं सिद्धपीठ से पूजा की रिकॉर्डेड वीडियो का लिंक आपको भेजा जायेगा

  • CardLow

    नवरात्रि के समय, चयनित शक्तिपीठ एवं सिद्धपीठ में पूजा संकल्प के समय, व्यक्तिगत नाम और गोत्र का उच्चारण किया जाएगा

  • CardLow

    आप शक्तिपीठ अथवा सिद्धपीठ में माँ दुर्गा को चोला, चुन्नी, श्रृंगार और भोग भेंट अर्पण करने का चयन कर सकते हैं

  • CardLow

    चयनित शक्तिपीठ एवं सिद्धपीठ से 100 ग्राम पंचमेवा प्रसाद आपके घर तक भेजा जायेगा

t1 Circle

951

Family Navratri Shakti Peeth Puja

परिवार नवरात्रि शक्तिपीठ पूजा

t1 pricecardline
  • CardLow

    You can select one or multiple Shakti Peethas & Siddha Peethas for Navratri Puja

  • CardLow

    Link for Recorded Video of Puja in the selected Shakti Peethas & Siddha Peethas during Navratri

  • CardLow

    Family Members’ Name and Gotra will be chanted during the Puja Sankalp in the selected Shakti Peethas & Siddha Peethas during Navratri

  • CardLow

    You can choose to offer Chola, Chunni, Shringar & Bhog to Maa Durga in Shaktipeeth or Siddha Peeth and the video for the Offerings will be shared with you

  • CardLow

    100 grams Panchmeva Prasad will be shipped from selected Shakti Peethas & Siddha Peethas for Home Delivery in India

  • CardLow

    आप नवरात्रि पूजा के लिए, एक या एक से अधिक शक्तिपीठ एवं सिद्धपीठ का चयन कर सकते हैं

  • CardLow

    नवरात्रि में चयनित शक्तिपीठ एवं सिद्धपीठ से पूजा की रिकॉर्डेड वीडियो का लिंक आपको भेजा जायेगा

  • CardLow

    नवरात्रि के समय, चयनित शक्तिपीठ एवं सिद्धपीठ में पूजा संकल्प के समय, आपके परिवार के सदस्यों के नाम और गोत्र का उच्चारण किया जाएगा

  • CardLow

    आप शक्तिपीठ अथवा सिद्धपीठ में माँ दुर्गा को चोला, चुन्नी, श्रृंगार और भोग भेंट अर्पण करने का चयन कर सकते हैं

  • CardLow

    चयनित शक्तिपीठ एवं सिद्धपीठ से 100 ग्राम पंचमेवा प्रसाद आपके घर तक भेजा जायेगा

t2 Circle

2051

Individual Navratri 4 Shakti Peethas Puja

व्यक्तिगत नवरात्रि 4 शक्तिपीठ पूजा

t1 pricecardline
  • CardLow

    Link for Recorded Video of Puja in 4 Shakti Peethas & Siddha Peethas during Navratri

  • CardLow

    Individual's Name and Gotra will be chanted during the Puja Sankalp in 4 Shakti Peethas & Siddha Peethas during Navratri

  • CardLow

    You can choose to offer Chola, Chunni, Shringar & Bhog to Maa Durga in Shaktipeeth or Siddha Peeth and the video for the Offerings will be shared with you

  • CardLow

    400 grams Panchmeva Prasad will be shipped from 4 Shakti Peethas & Siddha Peethas for Home Delivery in India

  • CardLow

    नवरात्रि में 4 शक्तिपीठ एवं सिद्धपीठ से पूजा की रिकॉर्डेड वीडियो का लिंक आपको भेजा जायेगा

  • CardLow

    नवरात्रि के समय, 4 शक्तिपीठ एवं सिद्धपीठ में पूजा संकल्प के समय, व्यक्तिगत नाम और गोत्र का उच्चारण किया जाएगा

  • CardLow

    आप शक्तिपीठ अथवा सिद्धपीठ में माँ दुर्गा को चोला, चुन्नी, श्रृंगार और भोग भेंट अर्पण करने का चयन कर सकते हैं

  • CardLow

    4 शक्तिपीठ एवं सिद्धपीठ से 400 ग्राम पंचमेवा प्रसाद आपके घर तक भेजा जायेगा

t3 Circle

3551

Family Navratri 4 Shakti Peethas Puja

परिवार नवरात्रि 4 शक्तिपीठ पूजा

t1 pricecardline
  • CardLow

    Link for Recorded Video of Puja in 4 Shakti Peethas & Siddha Peethas during Navratri

  • CardLow

    Family Members’ Name and Gotra will be chanted during the Puja Sankalp in 4 Shakti Peethas & Siddha Peethas during Navratri

  • CardLow

    You can choose to offer Chola, Chunni, Shringar & Bhog to Maa Durga in Shaktipeeth or Siddha Peeth and the video for the Offerings will be shared with you

  • CardLow

    400 grams Panchmeva Prasad will be shipped from 4 Shakti Peethas & Siddha Peethas for Home Delivery in India

  • CardLow

    नवरात्रि में 4 शक्तिपीठ एवं सिद्धपीठ से पूजा की रिकॉर्डेड वीडियो का लिंक आपको भेजा जायेगा

  • CardLow

    नवरात्रि के समय, 4 शक्तिपीठ एवं सिद्धपीठ में पूजा संकल्प के समय, आपके परिवार के सदस्यों के नाम और गोत्र का उच्चारण किया जाएगा

  • CardLow

    आप शक्तिपीठ अथवा सिद्धपीठ में माँ दुर्गा को चोला, चुन्नी, श्रृंगार और भोग भेंट अर्पण करने का चयन कर सकते हैं

  • CardLow

    4 शक्तिपीठ एवं सिद्धपीठ से 400 ग्राम पंचमेवा प्रसाद आपके घर तक भेजा जायेगा

bookendL

bookend

bookendL

bookend

Participate in Navratri Puja in other Shakti Peethas & Siddha Peethas from April 2 to April 6

अप्रैल 2 से अप्रैल 6 तक अन्य शक्तिपीठ और सिद्ध पीठ में नवरात्री पूजा में भाग लें

bookendL

bookend

Thursday, March 10, 2022

Shaktipeeth Maa Harsiddhi Durga Ashtami Maa Durga Saptashati Path and Aarti

Thursday, March 10, 2022

शक्तिपीठ मां हरसिद्धि दुर्गा अष्टमी मां दुर्गा सप्तशती पथ और आरती

Friday, October 8, 2021

Siddha Peetha Maa Baglamukhi Maha Yagya and Aarti

Friday, October 8, 2021

सिद्ध पीठ माँ बगलामुखी काँगड़ा महायज्ञ और आरती

bookendL

bookend

Started by IIT graduates, DevDham (previously DevDarshan) is Devotional Platform for 5000+ Hindu Temples in the Indian Subcontinent. DevDham (previously DevDarshan)’s long term vision is to provide a digital platform to Temples and Gurus for sharing the millennia-old teachings of Indian culture in the world and by doing so, projecting Bharat (India) as Vishwa Guru (Universal Leader) through its rich cultural and spiritual heritage.


DevDham (previously DevDarshan) facilitates online Daily Darshan, Pujas and Digital Donations for Devotees. DevDham (previously DevDarshan) has onboarded 150+ Temples across 16 states including but not limited to Shaktipeeth Chamunda Devi (Kangra), Shaktipeeth Maa Bajreshwari Devi (Kangra), Shaktipeeth Maa Baglamukhi Mandir (Kangra), Shaktipeeth Maa Vindyavasini Mandir (Mirzapur), Shaktipeeth Maa Harsiddhi Mandir (Ujjain), Shaktipeeth Maa Gadhkalika Mandir (Ujjain), Shaktipeeth Tripura Sundari (Agartala), Bijasan Mata Mandir (Indore), Kalkaji Mandir (Delhi), Durgiana Mandir (Amritsar), Maa Mundeshwari Temple (Bihar), Jyotirlinga Ghushmeshwar Nath Temple (Pratapgarh), Jyotirlinga Mamleshwar (Omkareshwar), Kaal Bhairav Mandir (Ujjain), Chintaman Ganesh Mandir (Ujjain), Tapkeshwar Mandir (Dehradun), Pashupati Nath Mandir (Haridwar), Vrindavan Chandrodaya Temple, Badi Kali ji Mandir (Lucknow), Nagvasuki Mandir (Prayagraj), ISKCON (Vrindavan), ISKCON (Ghaziabad), ISKCON (Srinagar).


You can find more details about DevDham (previously DevDarshan) and our team.

IIT स्नातकों द्वारा आरम्भ किया गया,देवधाम (पहले देवदर्शन), भारत के 5000+ हिंदू मंदिरों के लिए आध्यतमिक मंच है। देवधाम (पहले देवदर्शन) का दृष्टिकोण हिंदू मंदिरों और गुरुओं को एक डिजिटल मंच प्रदान करना जहाँ वे भारत की आध्यात्मिक शिक्षा एवं हिंदू जीवन शैली का प्रसार कर सके और पूरे विश्व को विश्वगुरु भारत की महान संस्कृति व विरासत का ज्ञान दे सके। देवधाम (पहले देवदर्शन) पर मंदिर दर्शन, पूजा बुकिंग और डिजिटल दान की सुविधा उपलब्ध है।


देवधाम (पहले देवदर्शन) मंच के साथ 16 राज्यों में स्थित 150+ मंदिर जुड़े हुए है: शक्तिपीठ चामुंडा देवी (कांगड़ा), शक्तिपीठ मां बजरेश्वरी देवी (कांगड़ा), शक्तिपीठ मां बगलामुखी मंदिर (कांगड़ा), शक्तिपीठ मां विंध्यवासिनी मंदिर (मिर्ज़ापुर) , शक्तिपीठ मां हरसिद्धि मंदिर (उज्जैन), शक्तिपीठ मां गढ़कालिका मंदिर (उज्जैन), शक्तिपीठ त्रिपुरा सुंदरी (अगरतला), बिजासन माता मंदिर (इंदौर), कालकाजी मंदिर (दिल्ली), माँ मुंडेश्वरी मंदिर (बिहार), ज्योतिर्लिंग घुश्मेश्वर नाथ (प्रतापगढ़), पशुपति महादेव मंदिर (हरिद्वार), ज्योतिर्लिंग ममलेश्वर (ओंकारेश्वर), काल भैरव मंदिर (उज्जैन), चिंतामन गणेश मंदिर (उज्जैन), टपकेश्वर मंदिर (देहरादून), जगन्नाथ पूरी, वृंदावन चंद्रोदय मंदिर, बडी काली जी मंदिर (लखनऊ), नागवासुकी मंदिर (प्रयागराज) आदि|


आप देवधाम (पहले देवदर्शन) और हमारी टीम के बारे में अधिक जानकारी यहाँ प्राप्त कर सकते हैं।

Live Streaming or the recorded video of Puja will be available for all registered Devotees during Navratri festive season.


Live Streaming or the recorded video of Puja will be available on DevDham (previously DevDarshan) App , which you can download on your Android Smartphone. Live Streaming will also be available on DevDham (previously DevDarshan) YouTube Channel and DevDham (previously DevDarshan) Facebook page. More details will be shared with you via whatsapp and email once you register for the Puja.


Your Name and Gotra will be chanted during the Puja Sankalp. Please, make a wish in your mind while watching the Digital Puja in Shakti Peethas & Siddha Peethas from your home so that Maa Durga can bestow blessings on you and fulfill that wish.

नवरात्रि के समय, पंजीकृत श्रद्धालुओं के लिए, पूजा और आरती की लाइव स्ट्रीमिंग अथवा रिकॉर्डेड वीडियो उपलब्ध होगी।


पूजा की लाइव स्ट्रीमिंग अथवा रिकार्डेड वीडियो देवधाम (पहले देवदर्शन) ऐप में उपलब्ध होगी, जिसे आप इस लिंक के माध्यम से अपने एंड्रॉयड स्मार्टफ़ोन पर डाउनलोड कर सकते हैं।


पूजा की लाइव स्ट्रीमिंग देवधाम (पहले देवदर्शन) यूट्यूब चैनल और देवधाम (पहले देवदर्शन) फेसबुक पेज पर भी उपलब्ध होगी। पूजा के लिए पंजीकरण करने के पश्चात, और अधिक जानकारी व्हाट्सएप और ईमेल के माध्यम से आपके साथ साझा की जाएगी।


आपका नाम और गोत्र, पूजा में संकल्प के दौरान लिया जाएगा। कृपया, अपने घर से शक्तिपीठ में पूजा को देखते हुए मन में एक इच्छा करें ताकि माँ दुर्गा आप पर और आपके परिवार पर अपना आशीर्वाद बनाये रखे और उस इच्छा को पूरा कर सकें।

Shakti refers to the Personification of the Divine Feminine Power, who is often regarded as the Great Divine Mother in Hinduism. Goddess Shakti, the Goddess of Power, is believed to be the complete incarnation of the Adi Shakti.


There are 51 Shakti Peethas across the Indian Subcontinent. Puranas state that Maa Sati sacrificed herself in her Father's Yagya after her father Daksha insulted her husband Lord Shiva. This enraged Lord Shiva who opened his third eye and danced a fierce "Tandava Nritya" across the Earth with the body of his beloved Sati in his arms. Gods were afraid that Lord Shiva's anger could destroy the Universe and they sought the assistance of Lord Vishnu who dispatched his all-powerful Sudarshan Chakra to cut Sati’s body into 51 pieces.


Every spot on Earth that received a portion of Maa Sati’s Body and Vastra became a place of worship for Devotees of the Maa Shakti. Each of these spots is honoured as a Shaktipeeth by her devotees, who are also referred as Shaktas.

शक्ति दिव्य स्त्री शक्ति का प्रतिनिधत्व करती है, जिनका हिंदू धर्म में महान देवी माँ के रूप में भी वर्णन किया गया है। शक्ति को आदि शक्ति का सम्पूर्ण अवतार माना गया है।


भारतीय उपमहाद्वीप में 51 शक्तिपीठ है। पुराणों में कहा गया है कि मां सती ने अपने पिता दक्ष द्वारा अपने पति भगवान शिव का अपमान होने के बाद स्वयं को अग्नि में भस्म कर दिया था। इससे भगवान शिव क्रोधित हो गए और उन्होंने अपनी तीसरी आंख खोली और अपनी प्रिय सती के शरीर को अपनी बाहों में लेकर पृथ्वी पर तांडव नृत्य करने लगे। देवताओं को डर था कि भगवान का क्रोध ब्रह्मांड को नष्ट कर देगा और उन्होंने भगवान विष्णु की सहायता मांगी । भगवान विष्णु ने सती के भस्म हुए शरीर को सुदर्शन चक्र से काट दिया। जिस स्थान पर माता सती शरीर के अंग गिरे, वहां दिव्य शक्तिपीठ प्रकट हुए।

Durga Saptashati Path is a holy text that contains vivid descriptions of various forms of Maa Durga, the story of her victory over all demons due to her anger and the ways to please Maa Durga to seek her Divine Blessings. It is a book with 700 verses and contains 13 chapters. The book is considered very powerful and contains many special hymns. Durga Saptashati is regarded as the real form of Maa Durga in the Kaliyuga. It is believed that chanting the Mantras of the Durga Saptashati Path during Navratri gives immediate results and leads to fulfillment of all wishes. Maa Durga herself protects a Devotee who performs the Durga Saptashati Path. Performing a Havan along with Durga Saptashati Path is also referred to as Chandi Path. By participating in this, the Devotees of Maa Durga become completely fearless.

मां दुर्गा के विभिन्न स्वरूपों का वर्णन, उनके क्रोध से असुरों के नाश की कहानी और उन्हें प्रसन्न करने के उपाय दुर्गासप्तशती में लिखे गए हैं। यह 700 श्लोकों का एक विशाल ग्रंथ है, जिसमें 13 अध्याय है। साथ में कई विशेष स्तोत्र भी है। यह बेहद शक्तिशाली ग्रंथ है। इसका पाठ करने के कुछ नियम है। दुर्गासप्तशती ग्रंथ कलियुग में मां दुर्गा का साक्षात स्वरूप है। इसके पाठ से सभी मनोकामनाएं पूरी होती है। इसका एक-एक मंत्र शीघ्र प्रभाव डालने वाला है। नवरात्रि में दुर्गासप्तशती का पाठ करने से सभी इच्छाओं की पूर्ति हो जाती है। ऐसे भक्त की मां दुर्गा स्वयं रक्षा करती है। दुर्गासप्तशती पाठ के साथ हवन करना चंडी पाठ कहलाता है। ऐसा करने से मां दुर्गा भक्तों को पूरी तरह निर्भय बना देतीं हैं।

The word "Navratri" literally means nine nights, which refers to the nine nights during which the festival is observed. During these 9 nights, nine incarnations or Avatars of Maa Durga are worshipped.


These nine avatars of Maa Durga are as follows:


Maa Shailputri: Also known as Himavati, Maa Shailputri is the daughter of Daksh Prajapati and is worshipped on the first day of Navratri since she's regarded as the most divine form of mother nature.


Maa Brahmacharini- She is the unmarried incarnation of Maa Sati. She's also known as Tapascharini and is worshipped on the second day of Navratri. She's a symbol of atonement and severity.


Maa Chandraghanta: Known as fierce 10 armed goddess, Goddess Chandraghanta has a crescent shaped moon on her forehead and is worshipped on the third day. 9 out of her 10 hands are meant to destroy the wicked and evil souls and her 10th hand is there to shower blessings on her Devotees.


Maa Kushmanda: She's worshipped on the fourth day of Navratri and is believed to be the creator of the universe. The word Kushmanda is derived from 3 words: 'Ku' (little), ‘Ushma’ (warmth or energy) and ‘Anda’ (egg). Therefore, it means someone who created this universe as a small cosmic egg. 


Maa Skandmata: Skandmata is a four-armed goddess, who carries a lotus in two of her arms with a holy Kamandal and a bell in the other two. She is offered prayers on the fifth day of Navratri. She also carries a little Kartikeya on her lap which is why she's regarded as the symbol of endurance, fertility and motherhood. 


Maa Katyayani: The sixth day of Navratri is dedicated to Goddess Katyayani. She symbolizes courage and the qualities of a warrior. She's considered as the most fierce form of Maa Parvati.


Maa Kaalratri: She's worshipped on the seventh day of Navratri and is a four armed diety. She has a third eye on her forehead that is believed to contain the entire universe. Puranas state that she sacrificed her skin colour and embraced a dark complexion to kill demons.


Maa Mahagauri: The eighth day or Ashtami is dedicated to Goddess Mahagauri. She rides on a bull and carries Trishul and Damru in her hands. She symbolizes optimism, tranquility and purity.



Maa Siddhidatri: The ninth and the very last incarnation of Goddess Durga, Maa Siddhidatri signifies perfection and strength. She's believed to provide safety and security from unnatural events such as calamities and accidents.

नवरात्रि शब्द का अर्थ नौ रात्रि है , जो उन नौ रातों को संदर्भित करता है जिनके दौरान मां दुर्गा के नौ अवतारों की पूजा की जाती है।


माँ दुर्गा के 9 अवतार इस प्रकार है:


मां शैलपुत्री: जिन्हें हिमावती के नाम से भी जाना जाता है, मां शैलपुत्री दक्ष प्रजापति की बेटी हैं और नवरात्रि के पहले दिन उनकी पूजा की जाती है क्योंकि उन्हें प्रकृति का सबसे दिव्य रूप माना जाता है।


मां ब्रह्मचारिणी: यह मां पार्वती का अविवाहित अवतार हैं। उन्हें तपस्चारिणी के नाम से भी जाना जाता है और नवरात्रि के दूसरे दिन उनकी पूजा की जाती है। वह पापों के प्रायश्चित और गंभीरता का प्रतीक है।


मां चंद्रघंटा: 10 सशस्त्र देवी के रूप में प्रसिद्ध, देवी चंद्रघंटा के माथे पर एक अर्धचंद्राकार चंद्रमा है और तीसरे दिन उनकी पूजा की जाती है। उनके 10 में से 9 हाथ दुष्ट और बुरी आत्माओं को नष्ट करने के लिए हैं और उनका 10वां हाथ अपने भक्तों को आशीर्वाद प्रदान करने के लिए होता है।


मां कुष्मांडा: नवरात्रि के चौथे दिन उनकी पूजा की जाती है और उन्हें ब्रह्मांड का निर्माता माना जाता है। कुष्मांडा शब्द 3 शब्दों से बना है: कु(छोटा), उष्म (ऊर्जा) और अंडा। इसलिए, इसका अर्थ है, वह माँ जिसने इस ब्रह्मांड का एक छोटे अंडे के रूप में निर्माण किया है।


मां स्कंदमाता: स्कंदमाता चार भुजाओं वाली देवी हैं, जो अपनी दो भुजाओं में एक कमल के साथ एक पवित्र कमंडल और अन्य दो में घंटी धारण किये हुए हैं।

नवरात्रि के पांचवें दिन उनकी पूजा की जाती है। उनकी गोद में बालक कार्तिकेय भी खेलता दिखता हैं, इसी वजह से उन्हें धीरज, प्रजनन क्षमता और मातृत्व का प्रतीक माना गया है।


मां कात्यायनी: नवरात्रि का छठा दिन मां कात्यायनी को समर्पित है। वह साहस और एक योद्धा के गुणों का प्रतीक है। उन्हें मां पार्वती का सबसे उग्र रूप माना गया है।


मां कालरात्रि: नवरात्रि के सातवें दिन उनकी पूजा की जाती है और वे चार सशस्त्र देवी हैं। उनके माथे पर तीसरी आंख है जिसके बारे में माना जाता है कि इसमें पूरा ब्रह्मांड समाया हुआ है। पुराणों में कहा गया है कि उन्होंने अपनी त्वचा के रंग को त्याग दिया था और राक्षसों को मारने के लिए एक गहरे रंग को अपनाया।


मां महागौरी: आठवां दिन या अष्टमी मां महागौरी को समर्पित है। वह एक बैल पर सवार होती है और अपने हाथों में त्रिशूल और डमरू लिए होती है। वह आशावाद, शांति और पवित्रता का प्रतीक है।


मां सिद्धिदात्री: मां दुर्गा का नौवा अवतार, माँ सिद्धिदात्री पूर्णता और शक्ति का प्रतीक हैं। माना जाता है कि वह आपदाओं और दुर्घटनाओं जैसी अप्राकृतिक घटनाओं से सुरक्षा प्रदान करती है।

In India, Chunni and Chola play an important role in the life of every woman. Chunni is a symbol of modesty, virtue, probity and respect. It also symbolizes married women. Thus, Devotees offer Chunni and Chola to Maa Durga to pay honour and respect to the Supreme Feminine Power or the Shakti that runs the universe. 


Offering a piece of Sari to the Maa Durga concludes Maa Durga Puja. It is said that offering Sari helps the attributeless form of the Maa Durga to manifest itself and then, Maa Durga can give blessings to her Devotees. 


It also helps in the spiritual progress of an individual who is offering these offerings to Maa Durga. While offering Chola, Chunni and Sari to Maa Durga, the Devotees offer their prayers and seek blessings of Maa Durga to convert their 'Durgunas' (Bad Habits) into 'Sadgunas' (Good Habits).

भारत में, चुन्नी और चोला हर महिला के जीवन में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। चुन्नी विनय, सदाचार, सत्यनिष्ठा और सम्मान का प्रतीक है। यह विवाहित महिलाओं के सौभाग्य का भी प्रतिनिधित्व करती है। भक्त सर्वोच्च स्त्री शक्ति या ब्रह्मांड को चलाने वाली शक्ति को सम्मान देने के लिए मां दुर्गा को चुन्नी और चोला की भेंट अर्पण करते है।


ऐसा कहा जाता है कि साड़ी भेंट अर्पण करने से मां दुर्गा के निरंकार रूप को आकार मिलता है और इसके पश्चात ही, मां दुर्गा अपने भक्तों को आशीर्वाद दे सकती हैं।


यह भेंट अर्पण करने वाले व्यक्ति की आध्यात्मिक प्रगति में भी मदद करती है । माँ दुर्गा को चोला, चुन्नी और साड़ी भेंट अर्पण करते समय, भक्त यह प्रार्थना करते हैं कि माँ दुर्गा उन्हें आशीर्वाद प्रदान करे एवं वह अपनी दुर्गुण (बुरी आदतों) को सद्गुण (अच्छी आदतों) में बदलने में सक्षम हो।

Bhog refers to a food item used during Navratri Puja, which serves dual purpose: the food is offered to Maa Durga as "Bhog" during the Puja and is then served to the devotees as "Prasad". Typically, the Bhog is Sattvic, and contains no onion and garlic.


There are 9 different types of Bhog offered on the 9 days of Navratri. 


Day 1: It is often said that offering Cow Ghee on this day as a bhog can bring good health and good fortune.


Day 2: If an individual offers Sugar and Panchamrit to the Maa Durga on this day, then the Goddess blesses the person with happiness and prosperity. 


Day 3: It is believed that offering kheer and other milk based delicacies as a bhog to Maa Durga on this day can bring good wealth, financial stability and peace in the family.


Day 4: On this day, offering Malpua as Bhog to the Goddess strengthens one's intelligence and will power.


Day 5: Offering a banana or food items that contain banana as an ingredient as Bhog to Maa Durga can give relief from chronic illnesses and help in professional growth.


Day 6 : If a Devotee offers honey and sweet betel leaves to Maa Durga on the sixth day of Navratri, then the Devotee is believed to gain wisdom, knowledge and power of decision making.


Day 7 : On the 7th day, offering jaggery and other delicacies is believed to bring positive energy and protect the devotees from suffering.


Day 8 : Coconut is offered as Bhog to Maa Durga on the 8th day. It is widely believed that donating coconuts to the Brahmans on Ashtami, blesses a childless couple with a child.


Day 9: On the navami day, offering halwa poori and kheer as a combination to the Goddess and conducting the Kanya Puja is a great way to seek the blessings of Maa Durga.

भोग नवरात्रि पूजा के दौरान उपयोग की जाने वाली एक खाद्य वस्तु को संदर्भित करता है, जो दोहरे उद्देश्य को पूरा करता है: भोजन को पूजा के दौरान "भोग" के रूप में माँ दुर्गा को चढ़ाया जाता है और फिर भक्तों को प्रसाद के रूप में परोसा जाता है। आमतौर पर, भोग सात्विक होता है, और इसमें प्याज और लहसुन नहीं होता है।


नवरात्रि के 9 दिनों में 9 तरह के भोग लगाए जाते हैं।


पहला दिन: अक्सर कहा जाता है कि इस दिन गाय का घी भोग के रूप में चढ़ाने से अच्छा स्वास्थ्य और सौभाग्य प्राप्त होता है।


दूसरा दिन: यदि कोई व्यक्ति इस दिन माँ दुर्गा को चीनी और पंचामृत चढ़ाता है, तो माँ उस व्यक्ति को सुख और समृद्धि का आशीर्वाद प्रदान करती है।


तीसरा दिन: ऐसा माना जाता है कि इस दिन मां दुर्गा को भोग के रूप में खीर और अन्य दूध आधारित व्यंजन भेंट अर्पण करने से परिवार में अच्छी संपत्ति, वित्तीय स्थिरता और शांति आती है।


चौथा दिन: इस दिन मां को भोग के रूप में मालपुआ चढ़ाने से बुद्धि और इच्छा शक्ति मजबूत होती है।


पांचवा दिन: मां दुर्गा को भोग के रूप में केला या खाद्य पदार्थ जिसमें केला हो, पुरानी बीमारियों से राहत देता है और व्यवस्या के विकास में मदद करता है।


छठा दिन: यदि कोई भक्त नवरात्रि के छठे दिन मां दुर्गा को शहद और मीठे पान के पत्ते चढ़ाता है, तो ऐसा माना जाता है कि भक्त को ज्ञान और निर्णय लेने की शक्ति प्राप्त होती है।


सातवा दिन: गुड़ और अन्य व्यंजनों को चढ़ाने से सकारात्मक ऊर्जा आती है और भक्तों को दुख से बचने में मदद मिलती है।


आठवाँ दिन: इस दिन नारियल को भोग के रूप में माँ दुर्गा को अर्पित किया जाता है। यह व्यापक रूप से माना जाता है कि अष्टमी पर ब्राह्मणों को नारियल दान करने से निःसंतान दंपति को संतान की प्राप्ति होती है।


नौवां दिन: नवमी के दिन, हलवा, पूरी और खीर को मां को अर्पित किया जाता है और कन्या पूजा भी किया जाता है।

Panch Meva is a combination of five dry fruits. Panch Meva is related to 5 elements in the universe, namely Water, Fire, Earth, Sky and Wind. Panch Meva Prasad mainly includes almond, raisins, dry coconut, makhana and dry dates. In addition to spiritual benefits, the Prasad has health benefits for the devotees.


If you choose to add Prasad in one of the packages, Prasad will be delivered via courier to your home address that you will submit after the payment process. It will be delivered after the Puja will be conducted by chanting your Name and Gotra in Shakti Peethas & Siddha Peethas during Navratri festive season.

पंच मेवा प्रसाद पाँच सूखे मेवों के मिश्रण से बना है। पंच मेवा प्रसाद, ब्रह्मांड के 5 तत्वों का प्रतिनिधित्व करता है, जल, अग्नि, पृथ्वी, आकाश और पवन। पंच मेवा प्रसाद में मुख्य रूप से बादाम, किशमिश, सूखा नारियल, मखाना और सूखी खजूर शामिल होती हैं। आध्यात्मिक लाभ के साथ, प्रसाद भक्तों के स्वास्थ्य के लिए भी लाभकारी होता हैं।


यदि आप किसी पैकेज में प्रसाद का चयन करते हैं, तो प्रसाद को आपके घर के पते पर कूरियर के माध्यम से भेजा जाएगा। नवरात्रि के समय, शक्तिपीठ और सिद्धपीठ में आपके नाम और गोत्र का उच्चारण करके,  पूजा के पश्चात्, प्रसाद आपके घर भेजा जायेगा।

In case, you don't know your Gotra, add your caste during the registration process for Puja. In case you don’t know that, add your full name during the registration process. These details would be chanted by Pandit ji during Puja. Feel free to contact us at +919015367944

यदि आपको अपना गोत्र पता नहीं है, पूजा के लिए पंजीकरण प्रक्रिया के दौरान अपनी जाति लिखे। यदि ,आप यह भी नहीं जानते तो, पंजीकरण प्रक्रिया के दौरान अपना पूरा नाम लिखे। इन विवरणों का पंडित जी द्वारा पूजा के दौरान जाप किया जाएगा। आप हमसे यहाँ पर समपर्क +919015367944 कर सकते है।

DevDham (previously DevDarshan) has family packages available for Puja. Please contact us at +919015367944 via a call or WhatsApp for the family package.

देवधाम (पहले देवदर्शन) में पूजा के लिए पारिवारिक पैकेज उपलब्ध हैं। परिवार पैकेज के लिए कॉल या व्हाट्सएप के माध्यम से +919015367944 संपर्क कर सकते है।

bookendL

bookend
WhatsappImage
WhatsappImage